गुजरात में 115 से 99 सीट पर आना अगर ‘मोदी मैजिक’ है तो 59 से 77 पर जाना ‘राहुल महा मैजिक’ है
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गुजरात में 115 से 99 सीट पर आना अगर ‘मोदी मैजिक’ है तो 59 से 77 पर जाना ‘राहुल महा मैजिक’ है

1. 115 से 99 सीट पर आना अगर “मोदी मैजिक” है तो 59 से 77 पर जाना “राहुल महा मैजिक” है.

2. गुजरात, हिन्दुत्व और विकास की प्रयोगशाला. 2002 के बाद से सबसे कम सीट पर भाजपा.

3. भारतीय राजनीति में एक सीमा के बाद कोई भी अपराजेय नहीं है.

4. “विकास” नाम की मरीचिका के बीच कास्ट कॉम्बिनेशन अपना काम करती है. कांग्रेस का वोट शेयर और सीट बढना इसका उदाहरण है.

5. हिन्दुत्व का जवाब हिन्दुत्व है. हार्ड हिन्दुत्व का जवाब हार्ड हिन्दुत्व है, जहां कांग्रेस चूक गई.

6. भाजपा एवं अन्य (कांग्रेस + अन्य) के वोटों की संख्या बराबर है.

7. बचाखुचा विपक्ष भी इतना ताकतवर है, पूरे देश में, (खास कर यूपी-बिहार में) जिसके साथ मिल कर कांग्रेस 2024 को 2019 बना सकती है.

8. बिहार का लालू फॉर्मूला और गुजरात का राहुल फॉर्मूला (अल्पेश-जिग्नेश-हार्दिक) अगर पूरे देश में लागू हो जाए तो भाजपा 2019 में चुनाव हार सकती है. यानी, विपक्ष की हर एक आवाज को साथ लाना होगा.

9. इसके लिए भाजपा विरोधी (समुदाय+सेकुलर बुद्धिजीवी) को 2019 तक अपना मुंह बंद रखे और दिमाग खुली रखे.

10. इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए राहुल गांधी को सिर्फ और सिर्फ 2019 तक पूरे देश का 10 चक्कर लगाना होगा. बाकी का काम जनता खुद कर लेगी.

11. टैक्टिकल/साइंटिफिक रिगिंग एक मुद्दा हो सकता है, बशर्ते विपक्ष इसे दमदार तरीके से उठाए.

  • शशि शेखर